GDP kya hai in Hindi । GDP and GNP difference in Hindi ।


Hello दोस्तों, आज के इस आर्टिकल मे आप GDP, GNP, NDP व NNP के विषय मे जानेंगे । इस आर्टिकल मे आप जानेंगे की किस प्रकार GDP व GNP का अर्थव्यवस्था पर प्रभाव पड़ता है । भारत की अर्थव्यवस्था को समझने के लिए हमे भारत की GDP और GNP के विषय मे जानना आवश्यक है ।  इस आर्टिकल मे आप GDP का अर्थ (GDP meaning), GDP की परिभाषा (definition of gdp in hindi), GNP और GDP मे अंतर (gdp and gnp difference in hindi) आदि के बारे मे जानेंगे । तो चलिये जानते  है हमारे आज के टॉपिक GDP kya hai in hindi । GDP and GNP difference in hindi.

GDP और GNP के बारे मे जानने से पूर्व हम GDP और GNP का full form जान लेते है । 

GDP का फुल फॉर्म (GDP full form) -

GDP का full form होता है - Gross Domestic Product जिसका हिन्दी मे अर्थ (GDP full form in hindi) है सकल घरेलू उत्पाद । 

GNP का फुल फॉर्म (GNP full form) -

GNP का full form होता है - Gross National Product  जिसका हिन्दी मे अर्थ (GDP full form in hindi) है सकल राष्ट्रीय उत्पाद । 

GDP की परिभाषा (Definition of GDP in hindi) -

किसी भी देश मे एक लेखा वर्ष (1 अप्रैल - 31 मार्च) के भीतर बनने वाली वस्तुओ एवं सेवाओं का कुल मौद्रिक मूल्य सकल घरेलू उत्पाद (GDP) कहलता है। 

सरल शब्दो मे यदि कहा जाये तो एक लेखा वर्ष मे देश के सभी व्यापारियों एवं उद्यमियों, चाहे वह देश का निवासी हो अथवा न हो, द्वारा उत्पादित वस्तुओं के मूल्य का योग सकल घरेलू उत्पाद (Gross Domestic Product) कहलाता है । अर्थात विदेशियों द्वारा भारत मे अर्जित की गयी आय तो GDP मे शामिल की जाती है परंतु यदि कोई भारतीय विदेश से भारत मे पैसा भेजता है तो उसे GDP मे शामिल नहीं किया जाता है । 

GNP की परिभाषा (Definition of gnp in hindi) -

देश के निवासियों द्वारा एक वर्ष के भीतर देश और विदेश मे उत्पादित कुल वस्तुओ और सेवाओं का कुल मौद्रिक मूल्य सकल राष्ट्रीय उत्पाद (Gross National Product) कहलाता है । 

सरल शब्दो मे इसे समझा जाये तो हम इसे इस प्रकार कह सकते है की GNP को हम विदेश मे रह रहे भारतीयो द्वारा उत्पादित वस्तुओ एवं सेवाओ के कुल मौद्रिक मूल्य मे GDP को जोड़कर प्राप्त करते है । जबकि इसमे हम विदेशियों द्वारा देश के भीतर उत्पादित की गयी वस्तुओं एवं सेवाओं के कुल मौद्रिक मूल्य को घटाते है । ऐसा इसलिए किया जाता है क्योंकि विदेशी कंपनियाँ जो भारत मे कार्यरत है वे कंपनियाँ जो भी लाभ कमाती है उनसे हमारे देश को लाभ नहीं होता क्योंकि वे कमाये गए लाभ को अपने देश मे भेजती है अर्थात वह लाभ देश के बाहर चला जाता है जबकि GDP मे हम देश मे उत्पादित वस्तुओ एवं सेवाओं के कुल मौद्रिक मूल्य की गणना करते है चाहे वह देशी अथवा विदेशी कंपनियों द्वारा क्यों न अर्जित किया गया हो । 

इस प्रकार यदि X - विदेशो मे देश के नागरिकों द्वारा उत्पादित वस्तुओ का कुल मौद्रिक मूल्य हो और Y - विदेशी कंपनियो द्वारा देश मे उत्पादित वस्तुओं एवं सेवाओं का कुल मौद्रिक मूल्य हो तब - 

GNP = GDP + X - Y

NDP और NNP क्या है ?

NDP का फुल फॉर्म -

NDP का full form -  Net Domestic Product होता है जिसका हिन्दी मे अर्थ होता है शुद्ध घरेलू उत्पाद । 

NNP का फुल फॉर्म -  

NNP का full form - Net National Product होता है जिसका हिन्दी मे अर्थ होता है शुद्ध राष्ट्रीय उत्पाद

शुद्ध घरेलू उत्पाद (Net Domestic Product) -

सकल घरेलू उत्पाद मे से यदि मूल्य ह्वास को घटा दिया जाये तो शुद्ध घरेलू उत्पाद (NDP) प्राप्त होता है । 

यहाँ मूल्य ह्वास से आशय है उत्पादन इकाइयो मे उपभोग के कारण होने वाली क्षति से उनके मूल्य मे होने वाली गिरावट से है । 

NDP ज्ञात करने का फॉर्मूला (Net Domestic Product formula) -

NDP = GDP – मूल्य ह्वास 

शुद्ध राष्ट्रीय उत्पाद (Net National Product) -

सकल राष्ट्रीय आय मे से मूल्य ह्वास को घटाने पर हमे शुद्ध राष्ट्रीय उत्पाद (NNP) प्राप्त होती है । 

GDP मे मूल्य ह्वास को घटाकर व विदेशो से प्राप्त होने वाली आय को जोड़कर भी हम NNP प्राप्त कर सकते है । 

मूल्य ह्वास को हम इस प्रकार भी समझ सकते है कि उत्पादन इकाइयों मे लगे यंत्रो मे उनके लगातार प्रयोग से क्षति के कारण उनके मूल्य मे गिरावट आ जाती और जितने की भी गिरावट आती है उसे GNP मे से घटाकर हम NNP प्राप्त करते है । 

NNP ज्ञात करने का फॉर्मूला (Net National Product formula) -

NNP = GNP – मूल्य ह्वास 

या NNP = GDP + विदेशों से होने वाली आय - मूल्य ह्वास 

राष्ट्रीय आय (National Income) -

भारत की राष्ट्रीय आय और प्रति व्यक्ति आय की गणना करने का प्रथम प्रयास 1867-68 मे दादा भाई नौरोजी द्वारा किया गया था । उनके आंकलन के अनुसार 1868 मे प्रति व्यक्ति आय लगभग 20 रुपये/वार्षिक  थी । इसके पश्चात एफ सिर्रास ने 1911 मे प्रति व्यक्ति आय 49 रुपये/वार्षिक बताई । स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय आय की गणना हेतु राष्ट्रीय आय समिति का गठन किया गया । इस समिति के अध्यक्ष पी. सी. महलनोबिस थे । 

राष्ट्रीय आय की परिभाषा (Definition of National Income) - ''किसी भी अर्थव्यवस्था मे एक वर्ष के दौरान उत्पादित अंतिम वस्तुओं एवं सेवाओं का कुल मूल्य राष्ट्रीय आय कहलाता है ।''

NNP को अर्थव्यवस्था की राष्ट्रीय आय भी कहा जाता है । NNP को किसी भी देश की आय को मापने का सबसे अच्छा तरीका समझा है और यदि NNP को देश की कुल जनसंख्या से भाग दिया जाये तो इससे उस देश की प्रति व्यक्ति आय की गणना होती है । 

देश की राष्ट्रीय आय की गणना केंद्रीय सांख्यिकीय संगठन (CSO) द्वारा की जाती है । इसकी स्थापना 2 मई 1951 मे की गयी थी जिसका मुख्यालय नई दिल्ली मे है । केन्द्रीय सांख्यकी संगठन (Central Statistical Organization), संखियकी विभाग के अंतर्गत काम करता है । केन्द्रीय सांख्यिकीय संगठन नियमित रूप से राष्ट्रीय आय के आंकड़ों को प्रदर्शित करता है । 

भारत मे GDP की विकास दर (india gdp growth rate last 10 years) -

 

      वर्ष 

     Year

GDP विकास दर (%)

GDP Growth (%)

वार्षिक परिवर्तन

(Annual Change)

2019

5.02%

-1.10%

2018

6.12%

-0.92%

2017

7.04%

-1.21%

2016

8.26%

0.26%

2015

8.00%

0.59%

2014

7.41%

1.02%

2013

6.39%

0.93%

2012

5.46%

0.22%

2011

5.24%

-3.26%

2010

8.50%

0.64%

2009

7.86%

4.78%

कुछ अन्य महत्वपूर्ण तथ्य -

  • भारत में प्रति व्यक्ति आय की गणना करने के लिए किस आधार वर्ष का इस्तेमाल किया जाता है - 2011-12
  • वर्तमान में भारत के किस राज्य की प्रति व्यक्ति आय सबसे अधिक है -गोवा
  • भारत के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में प्राथमिक क्षेत्र का कितना योगदान है - 20%
  • भारत की अर्थव्यवस्था में सबसे अधिक योगदान कौन देता है -  सेवा क्षेत्र
  • भारत सरकार को सबसे ज्यादा आयकर किस प्रदेश से प्राप्त होता है - महाराष्ट्र
  • GDP के आधार पर भारत का स्थान है- पाँचवाँ 
  • भारत की अर्थवयवस्था को किस वर्ष तक 5 ट्रिलियन डॉलर का बनाने का लक्ष्य रखा गया है- 2024-25
  • नोमिनल GDP के आधार पर दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था किस देश की है- जर्मनी